GEMS OF BOLLYWOOD
Shared by @SanjeevSanskrit — सादर नमन @KanoongoPriyank जी को जो इतने कम समय की…

Shared by @SanjeevSanskrit — सादर नमन @KanoongoPriyank जी को जो इतने कम समय की सूचना पर भी आकर इस राष्ट्र यज्ञ को नेतृत्व प्रदान किया।
हमारे बच्चे हवस – प्रयोग के व्यावसायिक खिलौने नहीं हैं। हमारा गौरव है, महान देश बनने का हमारा स्वप्न है। ये १६ की आयु में बाल शिवाजी बनेंगे, लक्ष्मी बाई बनेंगे। बॉलीवुड के १६ बरस की जवानी के अश्लील गानों के पात्र नहीं।
मैने भी एक शोध प्रस्तुत किया है जो विज्ञान द्वारा सिद्ध करता है कि किशोर अवस्था का यौन संबंध करने वालों एवं भावी संतान दोनों के लिए स्थाई रूप से हानिकारक है – मानसिक एवं शारीरिक स्वास्थ्य के लिए।
बच्चों को बच्चे रहने दें। उनपर कुदृष्टि डालने वाले अधेड़ों का परिणाम अच्छा नहीं होगा। ऐसा pocso कहता है। 🔱
बच्चों को सेक्स करने के लिए 16 वर्ष की आयु में स्वतः सहमति देने के लिए सुप्रीम कोर्ट में चल रही बहस के दौरान दिल्ली के कंस्टीट्यूशन क्लब में देश भर से पधारे हुए बाल अधिकार कार्यकर्ता,कानूनविद,NGO के प्रतिनिधि,शिक्षाविद,पत्रकार व सामाजिक कार्यकर्ताओं तथा किशोरवय बच्चों के अभिभावकों की उपस्थिति में तथ्यपरक रिपोर्ट – “Intrusion on Civilization: Lowering the
Age of Consent – Analysing Its Impact”
को जारी किया।
राष्ट्रीय विमर्श के लिए ऐसी रिपोर्ट्स ही जनता की आवाज़ को नीति निर्धारकों तक पहुँचाने का माध्यम होती हैं ।
बच्चों को सेक्सुअल व्यभिचार की अनुमति देने का विचार देश को विकसित भारत बनने से रोकने की दिशा में विध्नसंतोषियों का एक और कदम है,इसका विरोध आवश्यक है।
https://www.network4justice.com/docs/report.pdf
